हैलो सभी अन्तरवासना के पाठकों को सरोज़ का खुली हुई टांगों से नमस्कार। मैने कुछ ही दिन पहले अन्तरवासना के बारे में सुना फ़िर मैने साइट खोली और मस्त हो गई। गरम हो ग…
हैलो सभी अन्तरवासना के पाठकों को सरोज़ का खुली हुई टांगों से नमस्कार। मैने कुछ ही दिन पहले अन्तरवासना के बारे में सुना फ़िर मैने साइट खोली और मस्त हो गई। गरम हो गई। स्टोरीज़ पढ़ के कामुक हसीना बन गई। चलो छोड़ो काम की बात करते हैं।
मेरा नाम सरोज़ है मेरी उमर १८ साल की है। स्कूल में मेरी दोस्ती उन लड़कियों से हुई जो अमीरज़ादियां थीं मैं मिडिल क्लास से थी। मेरी पोकेट मनी कम ही थी। मैने एक अमीरज़ादे को अपना आशिक बना लिया मैं बेहद खूबसूरत हूं अपनी दोस्त के मुकाबले बहुत सेक्सी हूं मेरी सभी सहेलियां चुदासियां हैं अमीरज़ादे ने ज़्यादा टाइम वेस्ट न करते हुए अफ़ेयर के १० दिन बाद ही मेरी सील तोड़ डाली और मुझे भी सेक्स समुन्दर में धकेल दिया। वो बहुत शोपिंग करवाता मंहगे कपड़े मोबाइल, गोल्ड की चैन हमारा अफ़ेयर ३ महीने चला कि उसका एक्सिडेंट हो गया उसकी एक टांग टूट गई। मैं उससे मिलने गई और कहा जल्दी ठीक हो जाओगे।
सो अब मुद्दे पे आते हैं। एक रात की बात है रात के ९ बजे हुए थे मेरे पापा के २ दोस्त आये सभी ने उनका स्वागत किया वो ३ दिन के लिये आये थे। मम्मी नानी के यहाँ गई हुई थी। मैने और छोटी बहन ने उनकी खूब सेवा की डिनर दारु वगैरह पापा ने पिलायी। मैं उनको रूम दिखाने गई और वापिस आ गई जब मैं पानी का जग वहाँ रखने गई तो एक अंकल तो फ़्रेश होने बाथरूम में थे दूसरा अंकल चेंज कर रहा था उसने बनियान पहन लिया था पैजामा पहनने वाला था मैं जग लेकर गई मेरी नज़र सीधी न चाहते हुए भी उसके फ़ूले हुए कसे पेट ही, कई दिनों से चुदी नहीं थी, उसका माँसल शरीर छाती के बाल और फ़ूला हुआ लंड।
मैं वापस आ गई दीदी सो चुकी थी मेरी नज़र में बार बार उसका फ़ूला लंड आने लगा दरवाज़ा थोड़ा बंद किया परदा आगे किया और बेड पे बैठ गई नींद नहीं आई थी मैने अपना पैजामा नीचे किया और अपनी झांघों पे हाथ फ़ेरा और अपनी चूत सहलाने लगी उंगली डाल के मस्त होने लगी डैड भी ऊपर वाले रूम में सो चुके थे थोड़ी ही पी थी। परदे में अंकल चोरी सब कुछ देख रहे थे बोले नहीं। मैं इतनी गरम हो गई पानी ले गई जब मैं किचन से पानी लेने गई पीछे से मज़बूत बाहें मेरी पतली कमर पे डाल दीं। मुझे हैरानी हुई। मुझे यकीन था कि अंकल ने मुझे नोटिस किया था मैं एक दम मुड़ी और उनसे चिपक गई वो पागलों की तरह किचन की शेल्फ़ पे ही लिटा कर मेरे होंठ चूसने लगे और एक हाथ अंदर डाल मेरा मोम्मे दबाने लगे एक हाथ मेरी पैंटी में डाल चूत मसलने लगे।
मैं सिर्फ़ आहें भर रही थी कि तभी दूसरे अंकल अ गये दोनो मुझे पे टूट पड़े दोनो की उमर ४० से ऊपर ही थी। मुझे गोदी में उठा लिया बेडरूम में जा मुझे बेड पे फ़ेंका। दरवाज़ा बंद कर मुझे नंगी कर दिया मुझे अपने कच्छा उतारने को बोले मैं घुटनो के बल हो कच्छा उतारा और अंकल का लंड मुँह में भर लिया दूसरे की मुठ मारने लगी बारी बारी रंडी बन दोनो के लंड चूस रही थी अंकल ने मुझे सीधा लिटा अपना हथियार मेरी टांगे चौड़ी कर रखा और पुश किया थोड़ी परेशानी, तकलीफ़ हुई लकिन मैने डलवा लिया उनका लंड इतना मोटा लम्बा नहीं था महज़ ६ इंच होगा दूसरा बहुत मोटा लम्बा था ८ इंच का काला लंड वो अंकल है भी मद्रासी था अंकल मेरी चूत मार रहे था मैं लंड चूस नीचे से चूतड़ हिला रही थी।
उमर की भी फ़रक पड़ता है महज़ ६-७ मिनट में अंकल झड़ गये अब दूसरा मेरे ऊपर आया और मुझे कहा चूतड़ के नीचे तकिया रख लंड पेल दिया बहुत तकलीफ़ हुई लेकिन मैं कई बार चुदी हुई थी तब दूसरा अंकल आया मुझे पेग पिला दिया और खुद भी और फ़िर डाल दिया मुँह में दूसरे ने मुझे घोड़ी बना लिया और चोदने लगा मैं मजे में सीईईइ यस अंकल हरामी फ़ाद्दद्दद्दद्दद्द डाल्लल्लल्लल्लल मेरी चूत झड़ने वाली हूं कम चोद भोसड़ी के अंकल स्लेपिंग माई एस चीक्स बोले रंडी सारी रात फाडूंगा फ़िकर मत कर हलवा बना देंगे आज। कमीने मेरे बाप की उमर का है बुड्ढा ठरकी कुंवारी चूत मार्रर्रर्रर्रर्रर्रर दबाआ करते करते अंकल ने सीधा किया फ़िर डाल दिया ज़ोर ज़ोर से चुदने लगि तभी उसका लंड मेरी चूत एक साथ ही बह गये। गरम माल जब चूत को मिला तृप्त हो गई।
अब दूसरा तैयार था उसने इस बार मेरी गांड मारी
— Antarvasna Stories

Yeh site meri favorite ban gayi hai, roz naye stories padhta hoon.
Kya twist tha kahani mein, maza aa gaya.
Story bahut acchi thi, likhne ka andaz kamaal hai.
Ye kahani save kar li maine, dobara padhunga.
Real experience jaisa laga padh kar.
Story bahut acchi thi, likhne ka andaz kamaal hai.
Sahi likha hai, next part ka wait rahega.
Superb likha hai bhai, agla part kab aayega?