मैं मेरा नाम निमेश है.. मैं अभी 27 साल का हूँ.. मेरा जिस्म बहुत आकर्षक है और मैं एक इंजीनियर हूँ। आज़ मैं आपको अपनी कहानी बताने जा रहा हूँ कि कैसे मैंने अपनी कॉ…
मैं मेरा नाम निमेश है.. मैं अभी 27 साल का हूँ.. मेरा जिस्म बहुत आकर्षक है और मैं एक इंजीनियर हूँ। आज़ मैं आपको अपनी कहानी बताने जा रहा हूँ कि कैसे मैंने अपनी कॉलेज फ़्रेंड के साथ चुदाई की।
यह कहानी उस वक्त की है जब मैं MCA कर रहा था। उस वक्त मैं तीसरे सेमस्टर में था। इसी सेमेस्टर में हमारे इंस्टिट्यूट में लखनऊ से एक लड़की ट्रांसफ़र हो कर आई थी.. उसका नाम शिप्रा था, वो काफ़ी सुंदर थी, उसका 36-23-32 का फिगर एकदम मस्त था.. और वो एकदम गोरी-चिट्टी एक माल थी।
मेरा तो मन उसे पहली बार देखते ही चोदने का कर रहा था तो मैंने उससे एक दिन मौका पाकर बात शुरू की। मैंने पूछा- आपका नाम क्या है। बोली- शिप्रा.. मेरा यहाँ पर कोई दोस्त नहीं है.. क्या आप मेरे दोस्त बनोगे।
जैसे उसने मेरे मन की बात ही छीन ली हो। मैंने भी झट से ‘हाँ’ कर दिया। उसके परिवार में उसका छोटा भाई था.. वो भी BE कर रहा था। उसके पापा बैंक में मैनेजर थे और उसकी मम्मी हाउसवाइफ थीं।
ऐसे ही क्लास में आते-जाते हम काफ़ी करीब आ चुके थे। एक दिन मौका देख कर मैंने उसे ‘आई लव यू’ बोल दिया.. और उसने भी ‘हाँ’ कह दिया। फ़िर एक दिन उसके सभी घर वाले 70 किलोमीटर दूर मंदिर में दर्शन करने गए हुए थे, आने और जाने में करीब दस घन्टे लगने की उम्मीद थी।
इसलिए उसने मुझे मेरे मोबाइल पर फोन करके बुलाया। मैं उसके घर गया और देखा कि वो सिर्फ़ एक पतली नाइटी में थी। नाइटी के अन्दर उसने ब्लैक ब्रा और पैंटी पहन रखी थी.. जो कि साफ़ दिखाई दे रही थी।
उसे देखते ही मेरा मूड बन गया और नीयत खराब हो गई।
मैंने उसे नशीली निगाहों से ताकते हुए पूछा- बाकी सब लोग कहाँ गए हैं। उसने भी अर्थपूर्ण तरीके से कहा- सब मंदिर गए हैं.. रात तक आयेंगे।
इतना सुनते ही मैंने उसे अपने बाहों में ले लिया और उसे किस करने लगा। मैंने उसे अपनी बाहों में उठाया और अन्दर बेडरूम में ले गया।
मैं उसके होंठों पर किस करने लगा। करीब 15 मिनट तक मैंने उसे किस किया। वो एकदम उत्तेजित हो चुकी थी और कामुकता से सिस्या रही थी ओह्ह.. जान.. प्लीज़ कम ऑन..
फिर मैंने उसकी नाइटी को लगभग फाड़ते हुए खोल दिया। अब वो सिर्फ़ टू पीस में थी.. फिर मैंने अपनी पैंट-शर्ट खोल दिए।
अब मैं सिर्फ़ चड्डी में था, मैं उसे ऊपर से नीचे की तरफ़ किस करने लगा। किस करते हुए जब मैं उसके मम्मों के पास आया.. तो मैंने उसकी ब्रा भी खोल दी। तो ये देख कर मैं पागल हो गया कि उसके इतने भरे हुए मम्मों एकदम पूरी तरह से टाइट थे.. और उसके चूचुक पूरी तरह से तन रहे थे।
मैंने उसका निप्पल चूसना शुरू किया तो वो चिल्ला उठी- प्लीज़ निमि.. जल्दी करो.. अहह.. फक मी..
फिर मैंने उसकी पैंटी भी निकाल दी और अब वो मेरे सामने बिल्कुल नंगी थी। मैंने भी अपनी चड्ढी खोल दी। मेरा 8 इंच का मोटा तगड़ा लंड देख कर वो घबरा गई और बोली- प्लीज पूरा मत डालना.. मैंने सुना है कि काफ़ी दर्द होता है। फिर मैंने कहा- जान दर्द से ज्यादा मजा आता है.. तुम देखती जाओ बस।
और मैंने अपना लंड उसके मुँह में डालना चाहा.. तो उसने मना कर दिया और बोली- इसे मेरी चूत में ही डालो। फिर मैंने उसकी चूत को चाटना शुरू किया और काफ़ी देर तक चाटता रहा। उसके मुँह से चीखें निकल रही थीं- मुझे जल्द चोद दो.. मुझसे अब रहा नहीं जाता.. आह्ह..
फिर उसने मुझे खींच कर अपने ऊपर लिटा लिया और मैंने उसके कंधों को अपने हाथों से कस कर पकड़ लिया और अपना लंड उसकी चूत में डालने लगा। अभी सिर्फ़ 25% ही गया थे कि वो जोर से चिल्लाई और पीछे हटने की कोशिश की.. मगर मैंने भी उसे पूरे जोर से पकड़ रखा था।
फिर एक और झटके से मैंने अपना करीब 75% लंड उसकी चूत में डाल दिया। वो फिर से चिल्लाई- ओह्ह.. छोड़ो मुझे.. बहुत बड़ा है.. दर्द हो रहा है.. आह्ह..
मैंने उसे फिर एक झटका दिया और अब मेरा पूरा लंड उसकी चूत में था। उसके मुँह से काफ़ी तेज आवाज निकल रही थीं। लेकिन कुछ ही देर में उसे भी मजा आने लगा। फिर उसने कहा- निमि.. अब मुझे मजा आ रहा है.. प्लीज़ फक मी..फास्ट..
फिर मैंने धीरे-धीरे अपनी स्पीड बढ़ाते हुए फ़ुल स्पीड पर चुदाई शुरू कर दी। अब वो चिल्ला रही थी- प्लीज जोर से चोदो.. प्लीज.. फक मी फास्ट..
काफ़ी देर तक मैं उसे चोदता रहा। फिर उसकी चूत में से पानी निकल गया और उसने मुझे और टाइट से पकड़ लिया।
मैं समझ चुका था कि उसका पानी निकल चुका है। अब मैंने अपनी स्पीड और तेज की.. थोड़ी देर में मेरा भी पानी निकल गया।
जब मेरा माल निकलने लगा तो मैं उसके ऊपर ही लेट गया और फिर थोड़ी देर बाद हम दोनों ने एक-दूसरे को चूमा और यूँ ही प्यार करते रहे।
इसके बाद तो जब भी मौका मिला हम दोनों ने अपनी खूब प्यास बुझाई।
— Antarvasna3

Aur stories bhi daalo is topic pe please.
Ye kahani padh kar bahut accha laga, keep it up.
Kya baat hai bhai, itni achi kahani bahut din baad padhi.
Bahut hi umda kahani thi, thanks for sharing.
Superb likha hai bhai, agla part kab aayega?
Bahut din se aisi story dhundh raha tha, mil gayi finally.
Likhte raho aise hi, hum padhte rahenge.
Author ne bahut mehnat se likha hai, samajh aa raha hai.
Ye story mere dost ne bheji thi, ab main bhi fan ho gaya.
Bahut badiya story hai, maza aa gaya padh kar!