मेरा नाम अमित है। एक दिन घर में मैं, मेरा भाई और भाभी थे। मेरा रूम भाभी के बगल में है। रात में भाभी के कमरे से अजीब आवाज आ रही थी। मैंने वेंटीलेटर से देखा भाई औ…
मेरा नाम अमित है। एक दिन घर में मैं, मेरा भाई और भाभी थे। मेरा रूम भाभी के बगल में है। रात में भाभी के कमरे से अजीब आवाज आ रही थी। मैंने वेंटीलेटर से देखा भाई और भाभी दोनो नंगे थे। भाई उनकी चूत चाट रहे थे। भाभी आंख बंद किये मजा ले रही थी। और आह ऊऊओहह्ह की आवाज निकाल रही थी। भाभी की चूची एक दम साफ़ नजर आ रही थी। एक दम कड़े थे। भाई चूत चाटने में मस्त थे। ये देख कर मेरा लंड तनता जा रहा था भाभी ने इशारे से कहा कि अब बरदाश्त नहीं हो रहा है। अब चोद दो लंड मेरी चूत में डाल दो, भाभी भरपूर जोश में थी। भाई जब हटे तब भाभी के चूत देखाई दी, एक भी बाल नहीं था, लाल लाल चूत पानी निकल रहा था। मैं जोश में भर गया था तभी भाई ने अपना लंड उनकी रसीली चूत में डाल दिया थोड़ी देर बाद में ही वो रुक गये। भाभी बोली बस हो गया भाई उनके ऊपर से हट गये और दूसरी तरफ़ सो गये मगर भाभी ने गुस्से में थी। अपनी ही उंगली को अपनी चूत में डाल रही थी। मुझे लगा कि भाभी अभी झड़ी नहीं है। तभी मेरा पैर फोटो से टकराया। भाभी ने मुझे देख लिया। भाभी साल लपेट कर मेरे कमरे के तरफ़ आ रही थी।
मैं झट से बेड पर आ कर लेट गया भाभी कमरे में मेरे पास आ कर खड़ी हो गयी। बरमूडा में मेरा लंड खड़ा था। उन्होंने मुझे चूमना शुरु किया वो इतने जोश में थी। मेरे सारे कपड़े निकाल दिये। मेरे लंड को चाटने लगी। भूखी शेरनी की तरह वो मुझपर टूट पड़ी। भाभी का साल हट गया था। सो उनकी चिकनी गांड साफ़ साफ़ देखाई दे रही थी। उनकी चूची अभी बहुत टाइट थी। मैंने कहा भाभी दरवाजा खुला है, कहीं भाई आ गये तो भाभी बोली आने दो मेरी प्यास अब तक नहीं बुझा पाये, मैं बहुत प्यासी हूं मेरी प्यास बुझा दो जो कहो मैं करूंगी। भाभी मेरा लंड चूस रही थी जैसे लोलीपोप। मैंने भाभी की चूत पर अपनी झीभ रख दी, वो मदहोश होती जा रही थी। भाभी की आंखों में अजीब सा नशा था। भाभी बोली अपने लंड से आज मेरी इतनी चुदाई करो इतनी चुदाई कि मेरी सालों की प्यास बुझ जाये। मैंने भाभी को लिटा कर कहा भाभी अब आप सिर्फ़ आंख बंद कर के मजे लो। भाभी की चूत एक दम लाल थी। मैंने अपना मोटा लंड भाभी की चूत पर रख दिया और अन्दर डालने लगा। भाभी ने अपने होठों को दातों से दबा रखे थे। उनको बहुत मजा आ रहा था। भाभी की चूत इतनी गरम थी कि मेरा लंड अन्दर गर्मी पा कर और भी मोटा हो गया था। अब मैंने पूरा लंड भाभी की चूत में डाल दिया और धक्का मारने लगा भाभी अपनी कमर ऊपर उठा रही थी, मेरा साथ दे रही थी, लगभग ४० मिनट तक भाभी को चोदता रहा भाभी ने मुझे कस के पकड़ लिया और बोली मेरा माल बाहर आने वाला है, मैं धक्का मार ही रहा था मैंने सोचा कि भाभी झड़नेवाली है। मैं भी साथ में झड़ जाऔं मगर वो बोली बस करो वो हाफ़ रही थी। मैंने कहा मैं अभी नहीं झड़ा हूं तो जल्दी करो मैंने स्पीड बढ़ा दी और थोड़ी देर बाद मेरे लंड का रस भी भाभी के चूत में गिर रहा था मुझे बहुत मजा आया। थोड़ी देर तक हम दोनो ऐसे ही पड़े रहे फिर दोनो अलग अलग हुये। जैसे भाभी की चूत से मैंने अपना लंड निकाला ढेर सारा वीर्य भाभी की चूत से निकलने लगा, चूत से सफ़ेद सफ़ेद रस बाहर निकलते पहली बार देख रहा था। मैं और भाभी थक गये थे। वो उठी और मुझे चूम लिया फिर मेरे लंड को चूम कर बोली थैंक्स प्लीज़ अमित, ऐसे ही मुझे चोदते रहना, तुम जो बोलोगे मैं वो करूंगी। मैने कहा ठीक है फिर भाभी को मैंने नये तरीके से चोदा। वो बाद में बताऊंगा
— Antarvasna Stories

Itni lambi kahani bhi bore nahi hui, likhne ka talent hai aapme.
Ekdum zabardast! Maine ek hi saans mein padh li.
Yeh site meri favorite ban gayi hai, roz naye stories padhta hoon.
Likhte raho aise hi, hum padhte rahenge.
Bahut din se aisi story dhundh raha tha, mil gayi finally.